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जय श्री कृष्ण 🚩
नारायण ! रावण वध हेतु सीताजी का जीवित रहना आवश्यक जान इन्द्र ब्रह्माजी निर्मित चरु लेकर आये ।
सीताजी दूध की जली थी, रावण को साधु समझकर अशोक वाटिका में बंदी हुई अतः संदेह निवारणार्थ देवों के १३ लक्षण समेत दर्शन देने को कहा जिसके अनुपालन से वे निःशंक हो चरु सेवन कर सकी ।
अति बल मधु कैटभ जेहिं मारे। महाबीर दितिसुत संघारे॥
जेहिं बलि बाँधि सहस भुज मारा। सोइ अवतरेउ हरन महि भारा॥
प्रह्लाद भाव।
गुप्त भक्ति, निरन्तर स्मरण, पूर्ण समर्पण।
Madam ji says that if Sir ji gives permission, she can do Vashikaran on Trump 😂
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नारायण ! तीर्थयात्रा अच्छी बात है लेकिन संध्या-गायत्री या घर में ठाकुर जी की सेवा या उपासना छोड़ यह वैसा ही है जैसे मख्खन भेंककर हाथ चाटना ।
पर्यटकों के लिए जगह बनाने में मंदिर, विग्रह, शिवलिंग तोड़े जा रहे हैं । विश्वनाथ धाम को माल बनाने के बाद मणिकर्णिका में भी यही हो रहा है ।
मनुष्य के शरीर में अँगूठे जितना जीव होता है। मृत्यु के पश्चात् यमदूत इसी को पाश से बाँध कर ले जाते हैं। यही शरीर स्वर्ग या नरक भोगता है।
A small jīva resides in human body. After death, this is extracted & taken to Swarga or Naraka by yamadūta-s for enjoyment or suffering.
मत्प्रीतिविषयो लोके त्वदन्यो नैव विद्यते।
एह्यास्स्व निकटे पाणिस्त्वद्गात्रस्पर्शमिच्छति॥
खारे समुद्र के उत्तर में और हिमालय के दक्षिण में जो प्रदेश है, वह भारतवर्ष है। देवता भी यहाँ जन्म लेने के लिए व्यग्र रहते हैं।
The region to the North of salty ocean and South of Himalaya is Bhārata. Even the Devatāta are keen to take birth there.
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वैराग्य वाला मन श्री कृष्ण स्मरण की कामना करता है।
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और जिस मनुस्मृति की नारीवादियों द्वारा तीव्र भर्त्सना की जाती है, उसमें भी स्त्रियों के सामान्य व्यभिचार का प्रायश्चित अत्यंत मृदु बताया है।
And Manusmriti, severely criticized by feminists, itself prescribes very lenient penance for women tainted by ordinary adultery.
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यद्यपि नारीवादी शास्त्रों में अनेक दोष देखते हैं, वास्तव में शास्त्र स्त्रियों के विषय में कठोर व्यवहार का निर्देश नहीं देते।
Although feminists see many faults in Śāstra-s, these do not actually recommend harsh treatment of women.
१/३
नियमित प्राणायाम के लाभ- हिचकी, श्वास रोग, मल-मूत्र दोष से मुक्ति, उत्साह - माधुर्य - बल बढ़ना, वर्ण में स्वच्छता, दोषों का विनाश।
Benefits of regular Prānṇāyāma: relief from hiccups, respiratory, metabolism issues; more energy, strength; better complexion; improved immunity.
ज्ञानमूलं हरेर्भक्ति:भक्तिमूलं जगत्पते:।
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शूद्र द्वारा अपनी विवाहिता ब्राह्मणी से हुए पुत्र को चाण्डाल कहते हैं। स्पष्ट है कि प्रतिलोम विवाह प्राचीन काल से हो रहे हैं - और ऐसे दंपति को मारा नहीं गया।
Son produced by Śūdra from his Brāhmaṇa wife is called Chāndāla. Evidently such marriages didn’t trigger honor killings.
पाराशरीय ज्योतिष में सृष्टिक्रम व भगवान के अवतार-
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नारायण ! जैसे प्रकाश किसी वस्तु को उत्पन्न नहीं करता, उसे मात्र दिखा देता है किंतु उसका कारण नहीं होता । वैसे ही ज्ञान ब्रह्म को पैदा नहीं करता , वह ब्रह्म की नित्यता और ब्रह्मातिरिक्त सबकी अनित्यता प्रकट कर देता है । 🌺
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"हमने ध्यान लगाया तो पता चला कि ट्रंपवा ने तंत्र–मंत्र कराकर मोदी जी का वशीकरण किया था। आज हमने वैदिक पाठ किया है। उससे मोदी जी के ऊपर कोई वशीकरण असर नहीं करेगा"
व्हाट्स एप यूनिवर्सिटी से ज्ञान पाए अयोध्या के परमहंस आचार्य ऐसा कह रहे हैं।
दरअसल, सोशल मीडिया पर एक फर्जी पोस्टकार्ड वायरल हो रहा है, जिसमें कथित तौर पर राजनाथ सिंह के हवाले से दावा किया जा रहा है कि मोदी पर तंत्र–मंत्र कर दिया गया है।
कैमरे के सामने परमहंस आचार्य ने यही स्क्रिप्ट पढ़ डाली !!
क्या किसी टेक्नोलॉजी से ऐसा ज्ञान सम्भव है? शास्त्र शब्दप्रमाण होने से मान्य है।
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संसार में तुम्हारे अतिरिक्त मेरा कोई प्रेमपात्र नहीं है, इसलिये आओ, मेरे निकट चले आओ, मेरा हाथ तुम्हारे शरीर को स्पर्श करना चाहता है ।।
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सेष सहस्रसीस जग कारन। जो अवतरेउ भूमि भय टारन॥
सदा सो सानुकूल रह मो पर। कृपासिन्धु सौमित्रि गुनाकर॥
जो हजार सिर वाले और जगत के कारण (हजार सिरों पर जगत को धारण कर रखने वाले) शेषजी हैं, जिन्होंने पृथ्वी का भय दूर करने के लिए अवतार लिया, वे गुणों की खान कृपासिन्धु सुमित्रानंदन श्री लक्ष्मणजी मुझ पर सदा प्रसन्न रहें॥
लसत मंजु मुनि मंडली मध्य सीय रघुचंदु।
ग्यान सभाँ जनु तनु धरें भगति सच्चिदानंदु॥
सुंदर मुनि मंडली के बीच में सीताजी और रघुकुलचंद्र श्री रामचन्द्रजी ऐसे सुशोभित हो रहे हैं मानो ज्ञान की सभा में साक्षात् भक्ति और सच्चिदानंद शरीर धारण करके विराजमान हैं॥ 🌺
99% of people age faster because of this hidden brain mistake.
You are not aging because of time ,
You are aging because of how you breathe 🧘♀️.
प्रेम से नाम जप करने पर भगवान् दर्शन देते हैं।
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श्रीमहाभारत और श्रीअग्नि पुराण दोनों ही स्त्रियों के परपुरुष से दूषित हो जाने पर भी पुनः रजस्वला होने पर शुद्ध हुई बताते हैं।
Both Mahābharata & Agni Purana lay down that women, even if they have been defiled by another man, become pure again after their menstrual cycle.
२/३
नीलोत्पलदलश्यामं नेत्रयुग्मं मनोहरम्।
यस्य दृष्टिमात्रेण मोहमायां विमुच्यते॥
राग द्वेष से ऊपर उठकर जो श्री राम में टिक जाता है, वही अव्यय शान्ति पाता है।
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आशुतोष शशाँक शेखर, चन्द्र मौली चिदंबरा..
कोटि कोटि प्रणाम शम्भू कोटि नमन दिगम्बरा॥